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थाई बॉडी मसाज और पेन पेपर का खेल

थाई बॉडी मसाज और पेन पेपर का खेल
स्‍वतंत्र मिश्र के सफरानमे से हम भी थाइलैंड देख रहे हैं. आईए, देखें, इस बार क्‍या साझा कर रहे हैं स्‍वतंत्र : मैं और उमेश्वर जी सज-धज कर नाश्ते के लिए नीचे आए।... 

छठ में बुझाला माटि से जुड़ा गइनि

छठ में बुझाला माटि से जुड़ा गइनि
छठ से लउटला पर अमितेश कुमार आपन फेसबुल वॉल पर कुछ फोटो साझा कइले रहन. ओकरा बाद बातचीत भइला पर हम सरोकार के तरफ से छठ के आपन तजुर्बा सरोकार से साझा करे के निवेदन... 

निर्वस्‍त्र लड़कियां मर्दों की ‘पौरुषता’ को ललकार रही थीं

निर्वस्‍त्र लड़कियां मर्दों की 'पौरुषता' को ललकार रही थीं
थाईलैंड यात्रा के दौरान पत्रकारों के उस दल को ले जाया गया एक नाइट क्‍लब जिसके सदस्‍य स्‍वतंत्र मिश्र भी थे. जो भी स्‍वतंत्र ने वहां देखा उससे उनका रक्‍तचाप... 

हरे, नीले और काले समंदर में नमक के थपेड़े

हरे, नीले और काले समंदर में नमक के थपेड़े
पेश है स्‍वतंत्र मिश्र की थाईलैंड यात्रा की दूसरी किस्‍त. बारह बजेके आसपास अंडमान सागर की लहरों से उठा-पठक करते हुए हमारा स्टीमर बहुत तेज गति से चल पड़ा।... 

लूट लियो रे मनरेगा को

लूट लियो रे मनरेगा को
प्रेम कुमार विद्यार्थी गया जिला के डोभी प्रखंड अन्तरगत के नावाडीह पंचायत में मनरेगा की योजना में भारी लूट का मामला प्रकाश में आया है। जिसमें योजना के नाम... 

चले थाइलैंड थे, एयरपोर्ट रिटर्न होते-होते बचे

चले थाइलैंड थे, एयरपोर्ट रिटर्न होते-होते बचे
स्‍वतंत्र मिश्र हाल ही में थाइलैंड की यात्रा से वापस आए हैं. चंद रोज के लिए ही गए थे. दफ्तरी काम से. रिलायंस म्‍युचुअल फंड के सौजन्‍य से. ‘दामादी सत्‍कार’... 

मेरे पास भी एक योनि है और कुछ पैदा हो रहा है उससे

मेरे पास भी एक योनि है और कुछ पैदा हो रहा है उससे
  दंतेवाड़ा के सोनी सोरी को खतरनाक माओवादी बता कर छत्तीसगढ सरकार जिस तरह उनके साथ न्‍यायिक हिसारत में ज़ोर जुल्‍म कर रही है, वह बेहद शर्मनाक है. जज साहब की... 

हिटलर साहब, बिदुरजी और रात का डेरा

हिटलर साहब, बिदुरजी और रात का डेरा
राकेश कुमार सिंह चनेसर बाबा मेरे लिए हमेशा एक रहस्य ही रहे। मैंने सबसे पहले उन्हें ही साइकिल चलाते देखा था। मेरे लिए वे सबसे पहले साइकिल-सवार थे। मेरे गांव... 

मुड़-मुड़ याद सतावे पिंड दियां गलियां दी

मुड़-मुड़ याद सतावे पिंड दियां गलियां दी
जसपाल सिंह सिद्धू और स्वतंत्र मिश्र पिंड (गांव) अब गांव नहीं रहे। कमोबेश यह पूरे भारत का ही हाल है लेकिन खास तौर पर पंजाब में यह बदलाव बहुत तेजी से आई है। यहां... 

द साल्ट एंड सुगर ऑफ़ लन्दन के आगे

द साल्ट एंड सुगर ऑफ़ लन्दन के आगे
इमरान वर्सेज इमरान पब्लिश होने के बाद फ्रैक हुजुर ने कुछ समय हिन्‍दुस्‍तान में बिताया. इन दिनों फिर वे लन्‍दन में हैं. इस बीच ‘इमरान द फाइटर’ नामक उनका... 

फ्रैंक हुजुर की दूसरी पेशकश: इमरान खान: द फाइटर

फ्रैंक हुजुर की दूसरी पेशकश: इमरान खान: द फाइटर
राकेश कुमार सिंह फ्रैंक हुजुर आपने बचपन में किसी के बारे में सोचा, आप कब उससे दिल लगा बैठे, आपको पता भी न चला. जरा सोचिए, जवानी में आपको अपनी वही बचपन वाली महबूबा... 

पार्क में सुबह सेवेरे

पार्क में सुबह सेवेरे
अनु सिंह चौधरी आज पार्क जल्दी आ गई हूं। दूर से ही जॉगिन्ग ट्रैक पर चक्कर लगाते कई सारे लोग नज़र आते हैं। पूरी कॉलोनी यहीं इकट्ठा हो गई है क्या वीकेंड की सुबह?... 

मनीऑडर पर टिकी अर्थव्यवस्था और राणा बाबा

मनीऑडर पर टिकी अर्थव्यवस्था और राणा बाबा
राकेश कुमार सिंह असोरा पर लकड़ी का एक बड़ा बाकस। बराबर में एक चौकी । चौकी  पर लुंगी और गंजी में एक तीस-बत्तीस बरस की काया। सामने प्लास्टिक का एक डिब्बा और फैले... 

संजीव भट्ट की गिरफ़्तारी पर: न्याय के पक्ष में हूं लेकिन मै पूरी तुम्हारे साथ नहीं हूं !

संजीव भट्ट की गिरफ़्तारी पर: न्याय के पक्ष में हूं लेकिन मै पूरी तुम्हारे साथ नहीं हूं !
मेहुल मकवाना हमदर्दी तो है तुमसे पर पूरा यकीन होना बाकी है ! कई सवाल है ऐसे जिनके जवाब ढूँढना बाकी है ! सवाल है कि क्यों कानो को देर लगी चींखे सुनने में ? सवाल... 

झूलन याद क के हूंक उलेठा, अब बार बाला के डांस होखेला

झूलन याद क के हूंक उलेठा, अब बार बाला के डांस होखेला
  मंजु शुक्‍ला     सावन के साथ लरिकाईं के एगो बड़ा नीमन जुड़ाव बा. मन करेला, बल्कि ई कहिं की हुक उठेला जब अपना इहाँ का मंदिर में होखेवाला झूलन याद परेला, लागेला... 

सुना है बुद्धिजीवी जी को उस रात अच्छी नींद आई

सुना है बुद्धिजीवी जी को उस रात अच्छी नींद आई
    सोरित गुप्‍तो सुबह -सुबह भूख के मारे बुद्धिजीवि जी का हाल बेहाल था.  कुल 7-8 अंग्रेजी -हिंदी के अखबारों के संपादकीय  से नाश्ता करके थोडा आराम मिला. अपने... 

बिदुरजी के न रहने पर डेरा

बिदुरजी के न रहने पर डेरा
    राकेश कुमार सिंह चनेसर बाबा को गुज़रे कुछ बरस हो गए. बीती रात वे मेरे सपने में आये. चनेसर बाबा मेरे लिए हमेशा एक रहस्य ही रहे. मैंने सबसे पहले उन्हें ही... 

আমি বাঁচতে ভীষণ ভালবাসি

Faysal Ovi ফয়সল অভি দু’হাত ভাঁজ করে  যখন মাথার নিচে বালিশ দিই, তখন আকাশের সাথে একটা সম্পর্ক তৈরি হয়। মধ্যরাতের আকাশ যখন হাত মুখ ধুয়ে প্রহরীর রূপ নেয়, ঠিক তখনই আমি... 

Immigrant’s Postcard: Gastronomic Empathy

Immigrant’s Postcard: Gastronomic Empathy
  Bhaswati Ghosh   Bhaswati has recently migrated from Dublin, California to Canada. As a new Canadian immigrant she came across many new things form language to cuisine to signage … She has started sharing her experiences with sarokar as a series of postcards. After At the Guru’s Door, follows the second part:   For the little more than two months we’ve been walking around,... 

Cricket and Corruption: A Tale from Pakistan

Cricket and Corruption: A Tale from Pakistan
    Umar Khayyam   Corruption, be it in sport or any other activity of life, is abhorrent for every conscientious person and a vibrant society. It is the greatest evil which can afflict a vastly popular sport, since if the trust of the adoring public gets eroded in the authenticity and probity of whatever unfolds before their watchful eyes in the name of a sporting battle, the quintessence,... 
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